नृत्य

यूं तेरा लहरों सा लहराना
यूं तेरे कमर का बलखाना
यूं लहराती ज़ुल्फ़ तुम्हारी
नृत्य में कितनी सुंदर नारी

नृत्य मंडली की शोभा तुम
देख तुम्हें मैं हो जाता गुम
आत्म बल अद्भुत तुम्हारा
नर्तन क्रिया ने मन लुभाया

चेहरे पर विचित्र मुस्कुराहट
है देती मेरे हृदय पर आहट
आनंदित ऐसे सदा रहो तुम
तुझे छू न पाए कोई भी ग़म

अठखेलियां तेरी परिचायक
जीवन, नृत्य में लाभदायक
लहराए यूं हरपल खुशियां
निरावृत हो तुम्हारी दुनियां

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