घर
रखे गए कुछ रिश्ते चुन कर
पिरोए गए जब साथ, बना घर
न केवल मकान रहने को
अपनेपन का होता सागर घर
प्रेम, अपनत्व, आत्मीयता संजोए
बसाया जो जाए, घर वो होए
बनते हैं मकान ईंट से
घर बनता आपस में प्रीत से
भावनात्मक लगाव रहे सदा
घर लगे सदैव अपनें सा
साथ का उदाहरण अनुपम
घर न होता स्वर्ग से कम
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